पटना में दिख रहा बिहार बंद का असर, पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प! प्रशासन अलर्ट

बिहार में वामपंथी छात्र इकाइयों द्वारा बुलाए गए ‘बिहार बंद’ का असर शनिवार (25 जुलाई) को राज्य के विभिन्न हिस्सों में दिखाई दिया। प्रदर्शनकारियों ने समस्तीपुर, सीवान और लखीसराय में सड़कें जाम कर दीं. पटना के डाकबंगला चौराहे के पास प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हो गई.

NEET मुद्दे को लेकर छात्रों के समर्थन में शनिवार (25 जुलाई) को वामपंथी दलों और AISA छात्र संगठन द्वारा ‘बिहार बंद’ बुलाया गया था. इसे लेकर छात्रों का एक समूह करीब 12:30 बजे डाकबंगला चौराहा पहुंचा. इससे पहले कि छात्र पटना जंक्शन के रास्ते डाकबंगला चौराहे पर पहुंचने वाले थे, पुलिस ने सभी को रोक दिया.

बिहार बंद के दौरान कई जिलों में प्रदर्शन, छपरा में पथराव और पटना में लाठीचार्ज, कई घायल

प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की

पुलिस से झड़प के बाद छात्रों ने नारेबाजी की और करीब 20 मिनट बाद पुलिस ने उन्हें उसी रास्ते से वापस भेज दिया. इस दौरान पुलिस ने कहा कि उन्हें डाकबंगला चौराहा पार नहीं करने दिया जायेगा. हालांकि इस बीच छात्र नाराज नहीं हुए और पुलिस की बात मानकर वापस लौट गये.

कुल मिलाकर शनिवार को ‘बिहार बंद’ पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा. चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात की गई थी, जहां छात्रों की संख्या से ज्यादा पुलिस की संख्या थी. भारी पुलिस बल की मौजूदगी के कारण प्रदर्शनकारियों को आगे नहीं बढ़ने दिया गया और उन्हें वापस लौटना पड़ा.

जहां-जहां छात्र कम संख्या में पहुंच रहे थे, पुलिस उन्हें खदेड़ कर हिरासत में ले रही थी. इस दौरान जुलूस निकाला गया और केंद्र सरकार के खिलाफ नारे लगाये गये. हालांकि, ‘बिहार बंद’ के मद्देनजर पटना से लेकर जहानाबाद तक पुलिस ने विशेष इंतजाम किए हैं.

विरोध के चलते ‘बिहार बंद’ बुलाया गया

नीट परीक्षा के पेपर लीक मामले को लेकर लगातार विरोध प्रदर्शन जारी है, जिसे लेकर पटना में भी प्रदर्शन किया गया. इस दौरान पुलिस ने लाठीचार्ज किया, जिसके विरोध में आज ‘बिहार बंद’ बुलाया गया है. दिल्ली में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन जारी है, वहीं अब इस आंदोलन की चिंगारी बिहार तक भी पहुंच गई है. इसे लेकर जहां पटना समेत कई जिलों में छात्र संगठन के लोग लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अड़े हुए हैं.

‘बिहार बंद’ के बीच लखीसराय जिले में भी कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है. सार्वजनिक स्थलों, लखीसराय रेलवे स्टेशन, जिलाधिकारी कार्यालय, पुलिस अधीक्षक कार्यालय समेत अन्य स्थानों पर पुलिस बल की तैनाती की गयी है. इसके चलते सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं.

छात्रों का एक समूह लखीसराय शहर के केके ग्राउंड से पैदल मार्च करते हुए लखीसराय जिला समाहरणालय पहुंचा और धरने पर बैठ गया. जहां केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर नारेबाजी जारी है.

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