कोसी क्षेत्र के पुलिस उपमहानिरीक्षक कुमार आशीष ने 10 इंस्पेक्टरों को निलंबित कर दिया है. यह जानकारी शुक्रवार (जुलाई 03, 2026) को DIG ने मीडिया को दी। इन सभी पुलिसकर्मियों पर दलालों के जरिए मामले को प्रभावित करने का आरोप है.
डीआइजी कुमार आशीष ने यह भी कहा है कि इन सभी पुलिसकर्मियों पर विभागीय कार्रवाई की जायेगी. इसके अलावा आम लोगों से पैसे लेकर मामले को प्रभावित करने वाले एक तथाकथित दलाल को भी गिरफ्तार किया गया है. गिरफ्तार दलाल के पास से एक लैपटॉप और पुलिस जांच से जुड़ी कई फाइलें भी बरामद की गई हैं.
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, यह पूरा मामला सहरसा के सलखुआ थाना क्षेत्र का है. पिछले दिनों एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें पुलिस अनुसंधान को प्रभावित करने का मामला सामने आया था. वीडियो वायरल होने के बाद डीआइजी कुमार आशीष ने जांच के आदेश दिये थे. जांच के दौरान सबसे पहले वायरल वीडियो में दिख रहे शख्स को पकड़ा गया और फिर तलाशी के दौरान उसके पास से एक लैपटॉप और पुलिस जांच से जुड़ी कई फाइलें बरामद हुईं, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया.
सतीश पुलिस डायरी भी लिखते थे
गिरफ्तार दलाल का नाम सतीश कुमार बताया जाता है जो सलखुआ थाना क्षेत्र के बहुरुवा गांव का रहने वाला है. बताया जा रहा है कि तथाकथित दलाल सतीश कुमार की सहरसा, मधेपुरा और सुपौल जिले के पुलिसकर्मियों से सांठगांठ थी. आरोपी सतीश कुमार अक्सर सलखुआ थाने में रहता था और लोगों से पैसे लेकर पुलिस जांच को प्रभावित करता था. इतना ही नहीं, वह पुलिस डायरी भी लिखते थे।
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इस पूरे मामले में कोसी रेंज के डीआइजी कुमार आशीष ने सलखुआ थाना प्रभारी मुकेश कुमार सिंह, सलखुआ थाना के एसआई सुवेलाल पासवान, नवहट्टा थाना के एसआई सुवेलाल पासवान को सूचित किया है. पंकज कुमार, पुअनि त्रिवेणीगंज थाना सुपौल। जूही कुमारी, पंअ राघोपुर थाना (सुपौल)। शिशुपाल रविदास, पुअनि भर्राही थाना (मधेपुरा)। मधेपुरा जिला बल में पदस्थापित आरमोद कुमार, पु.उ. चंद्रजीत प्रभाकर, पीयू सुपौल जिला बल में पदस्थापित हैं. मधेपुरा जिला बल में पदस्थापित पिंकी कुमारी, पीयू. मनीषा कुमारी और घैलाढ़ (मधेपुरा) के थानाध्यक्ष पं. ज्योतिष कुमार को निलंबित कर दिया गया है.
कुमार आशीष ने क्या कहा?
डीआइजी कुमार आशीष ने बताया कि पुलिस जांच को प्रभावित करने का एक वीडियो वायरल हुआ था. उसके आधार पर पहले उक्त व्यक्ति को पकड़ा गया और फिर उसकी तलाशी ली गयी तो उसके पास से एक लैपटॉप समेत विभिन्न शोध फाइलें बरामद की गयीं. गिरफ्तार व्यक्ति अवैध रूप से पुलिस जांच को प्रभावित कर रहा था. वह थाने के आसपास घूम-घूम कर लोगों से वसूली करता था. यह व्यक्ति अवैध तरीके से पुलिस डायरी भी लिखता था. आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है. साथ ही मामले में 10 पुलिसकर्मियों को तत्काल निलंबित कर उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा रही है.
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