5 कारण जिनकी वजह से रोहित शर्मा को रिटायर होने के लिए कोई मजबूर नहीं कर सकता?

इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स वनडे में 138 रन की शानदार पारी खेलने के बाद रोहित शर्मा के संन्यास को लेकर चल रही चर्चाओं ने नया मोड़ ले लिया है. तीसरे वनडे से पहले ऐसी खबरें आ रही थीं कि यह उनके करियर का आखिरी मैच हो सकता है. हालांकि, अपनी दमदार बल्लेबाजी से रोहित ने साफ कर दिया कि उनका भविष्य किसी और पर नहीं बल्कि उनके खुद के फैसलों पर निर्भर करेगा. आइए जानते हैं वो पांच कारण जिनकी वजह से रोहित शर्मा को संन्यास के लिए मजबूर करना आसान नहीं होगा।

वनडे वर्ल्ड कप में शानदार रिकॉर्ड

वनडे वर्ल्ड कप में रोहित शर्मा का प्रदर्शन हमेशा शानदार रहा है. उन्होंने 28 मैचों में 65 की औसत से 1575 रन बनाए हैं. इस दौरान उन्होंने 7 शतक और 3 अर्धशतक लगाए हैं. 2019 विश्व कप में उन्होंने सिर्फ 9 पारियों में 648 रन बनाए, जिसमें रिकॉर्ड 5 शतक शामिल हैं।

2027 वर्ल्ड कप खेलने की चाहत

रोहित शर्मा कई मौकों पर 2027 वनडे वर्ल्ड कप खेलने की इच्छा जाहिर कर चुके हैं. उनका मानना ​​है कि 50 ओवर का वर्ल्ड कप क्रिकेट का सबसे बड़ा टूर्नामेंट है. ऐसे में वह अपना करियर खत्म करने से पहले एक और वर्ल्ड कप खेलने का सपना पूरा करना चाहेंगे.

टीम के सबसे बड़े नेताओं में से एक

रोहित शर्मा न सिर्फ एक बल्लेबाज हैं बल्कि टीम इंडिया के सबसे अनुभवी कप्तानों में से एक हैं. उनकी कप्तानी में भारत ने दो आईसीसी ट्रॉफी जीती हैं। शुभमन गिल के कप्तान बनने के बावजूद ड्रेसिंग रूम में रोहित का अनुभव और नेतृत्व टीम के लिए काफी अहम माना जा रहा है.

फिटनेस पर जबरदस्त काम किया है

एक समय था जब रोहित शर्मा की फिटनेस पर सवाल उठाए जाते थे, लेकिन हाल के दिनों में उन्होंने अपनी फिटनेस पर काफी मेहनत की है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ऑस्ट्रेलिया दौरे से पहले उन्होंने काफी वजन घटाया और पहले से बेहतर फिटनेस के साथ मैदान पर लौटे।

वनडे क्रिकेट के सबसे बड़े मैच विजेताओं में से एक

रोहित शर्मा वनडे क्रिकेट के सबसे सफल बल्लेबाजों में गिने जाते हैं. उन्होंने इस फॉर्मेट में 280 पारियों में 11,895 रन बनाए हैं. उनके नाम 34 शतक, 62 अर्धशतक और तीन दोहरे शतक हैं.

ये भी पढ़ें- फीफा विश्व कप फाइनल में अर्जेंटीना की हार से आहत लियोनेल मेसी ने कहा, ‘दर्द बहुत गहरा है और इस घाव को भरने में समय लगेगा…’

बड़े मैचों में लगातार अच्छा प्रदर्शन करने की उनकी क्षमता उन्हें भारतीय टीम का सबसे भरोसेमंद खिलाड़ी बनाती है। ऐसे में मौजूदा प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें संन्यास के लिए मजबूर करना किसी भी टीम मैनेजमेंट के लिए आसान फैसला नहीं होगा.

ये भी पढ़ें- क्या इंग्लैंड सीरीज के बाद इन 5 खिलाड़ियों पर गिरेगी गाज? खाता भी नहीं खुल सका

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *