भरत तिवारी के परिवार से मुलाकात के बाद चिराग पासवान ने क्या की बात? पिता बोले- ‘3-4 दिन में…’

केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान (केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान) भारत भूषण तिवारी द्वारा (भारत भूषण तिवारी) शुक्रवार (जुलाई 03, 2026) को बिलोटी गांव जाकर उनके परिवार से मुलाकात की। परिवार ने उन्हें बताया कि कैसे पुलिस ने मुठभेड़ में भरत तिवारी को पांच गोलियां मारीं. चिराग पासवान के साथ क्या हुआ इसकी जानकारी परिवार वालों ने दी है.

‘कार्रवाई होगी और दुनिया देखेगी’

भरत तिवारी के पिता काशीनाथ तिवारी ने कहा कि हमारी काफी अच्छी बातचीत हुई. बातचीत ठीक से हुई. चिराग पासवान ने कहा है कि तीन-चार दिन के अंदर ये सभी लोग जो हत्यारे हैं, जिन्होंने अपराध किया है, उन्हें तुरंत सजा दी जायेगी. उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले में तुरंत कार्रवाई की जाएगी और दुनिया देखेगी.

यह भी पढ़ें- ‘चिराग जो करेगा, हम भी करेंगे?’, केंद्रीय मंत्री भरत तिवारी के यहां जाने पर भड़के जीतन राम मांझी

भरत तिवारी के भाई चंदन तिवारी ने कहा, “चिराग पासवान ने आश्वासन दिया है कि बहुत जल्द इस पर कार्रवाई होगी. जो भी दोषी होगा उसे जल्द से जल्द अंदर (जेल) डाला जाएगा. उन्होंने न्याय की बात की है. उन्हें वीडियो भी दिखाया गया कि मेरे भाई को पीएमसीएच में कैसे फेंका गया था. उन्हें (चिराग पासवान) पता था कि तीन गोलियां मारी गई हैं, फिर उन्हें बताया गया कि तीन नहीं बल्कि पांच गोलियां मारी गई हैं.”

भरत तिवारी की मां आशा देवी ने कहा, “चिराग पासवान ने कहा कि जिसने भी ऐसा किया है उसे सजा जरूर मिलेगी. उन्होंने मुख्यमंत्री से बात करने को भी कहा है. बातचीत के बाद उन्होंने कहा कि दोषी को जल्द से जल्द सजा मिलनी चाहिए.”

‘मैं और मेरी पार्टी परिवार के साथ’

वहीं, चिराग पासवान ने कहा, “आरा में जिस तरह से भरत तिवारी जी के साथ घटना घटी, उससे साफ पता चलता है कि कुछ गलत हुआ है. ऐसे में परिवार को न्याय दिलाना हमारी प्राथमिकता है. आज मैं इसी उद्देश्य से वहां गया था कि परिवार खुलकर और स्पष्ट रूप से अपनी बात रखे, ताकि मैं उन मुद्दों को ऊंचे मंच पर ले जा सकूं. परिवार को न्याय जरूर मिलेगा, मैं और मेरी पार्टी पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है.”

यह भी पढ़ें- भरत तिवारी के गांव पहुंचे चिराग पासवान, कहा- ‘अगर किसी ने सरेंडर किया होता तो…’

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *