- PoK में इंटरनेट बंद; जून से अब तक 85+ मौतें।
पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) में विद्रोह के 48वें दिन सोमवार (जुलाई 27, 2026) को रावलकोट में विभिन्न हिस्सों से एकत्र हुए दो लाख लोगों ने, जिनमें 9 जून, 2026 से रावलकोट के ईदगाह मैदान में बैठे प्रदर्शनकारी भी शामिल थे, शाम 4 बजे राजधानी मुजफ्फराबाद की ओर मार्च करना शुरू कर दिया, क्योंकि पाकिस्तानी सरकार के साथ बातचीत विफल रही और उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं। उसी समय, दूसरे शहरों से रावलकोट की ओर इकट्ठा होने के लिए आ रहा समूह जैसे ही ईदगाह मैदान से डेढ़ किलोमीटर पहले चिनार चौक पर पहुंचा, पाकिस्तानी रेंजर्स और एफसी जवानों ने प्रदर्शनकारियों पर गोलीबारी शुरू कर दी।
इसके साथ ही जहां एक तरफ पाकिस्तानी रेंजर्स और एफसी के जवान पीओके के निहत्थे प्रदर्शनकारियों पर फायरिंग कर रहे थे, वहीं दूसरी तरफ पंजाब पुलिस और पीओके पुलिस के जवान आंसू गैस के गोले दाग रहे थे. इसी तरह ईदगाह मैदान से निकलकर दो लाख लोगों का समूह जैसे ही कुछ मीटर आगे बढ़ा, उस पर भी अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी गई. करीब डेढ़ घंटे तक रुक-रुक कर पाकिस्तानी रेंजर्स और एफसी ने प्रदर्शनकारियों पर एके-47 से गोलियां चलाईं और आंसू गैस के गोले छोड़े, जिसमें रात 8.30 बजे तक 11 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है. इसके साथ ही यह आंकड़ा और भी बढ़ने की आशंका है.
मुजफ्फराबाद में दिखी मुनीर की सेना की क्रूरता
गोलियों की आवाज के बीच पीओके के प्रदर्शनकारी मोहम्मद अकील ने रोते-रोते पाकिस्तानी रेंजर्स की क्रूरता की गवाही दी और अंतरराष्ट्रीय मीडिया और मानवाधिकार संगठनों से मदद मांगी. प्रदर्शनकारी गोलियों के बीच आसिम मुनीर और उसकी सेना की क्रूरता की गवाही दे रहे हैं.
रावलकोट की तस्वीरें पाकिस्तानी रेंजर्स की क्रूरता की गवाही दे रही हैं कि कैसे घायलों को एंबुलेंस में ले जाया जा रहा है और नमाज-ए-जनाजा के लिए मृतकों के शवों को खाट पर एक साथ रखा गया है। साथ ही, घायलों को ईदगाह मैदान में रखा जा रहा है, क्योंकि प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि संयुक्त सैन्य अस्पताल (सीएमएच) रावलकोट पर रेंजर्स और एफसी ने कब्जा कर लिया है और वे घायल प्रदर्शनकारियों को भर्ती नहीं होने दे रहे हैं।
5 जून से पूरे PoK में इंटरनेट बंद है
फायरिंग के बाद सभी प्रदर्शनकारी एक बार फिर रावलकोट के ईदगाह मैदान में जमा हो गए हैं. पूरे पीओके में 5 जून से इंटरनेट बंद है और जून से जारी गोलीबारी में अब तक 85 से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है. वहीं, अब तक यह पुष्टि हो चुकी है कि सोमवार को हुई गोलीबारी में 38 से ज्यादा लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं.
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